चंडीगढ़ :- हरियाणा में जल्द ही लाडो लक्ष्मी योजना की क़िस्त आने वाली है। हरियाणा सरकार ने हाल ही में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी (Nayab Singh Saini) की अगुवाई में 2025-26 का बजट (Budget) पेश किया जिसमें महिलाओं, किसानों और युवाओं को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गईं। इस बार का बजट कुल 2.05 लाख करोड़ रुपये का रखा गया है, जो कि पिछले वर्ष की तुलना में 13.70% अधिक है। सरकार ने इसे पूरी तरह जनहितकारी बताते हुए इसे विकास, रोजगार और महिला सशक्तिकरण (Women Empowerment) की दिशा में एक बड़ा कदम करार दिया है।
लाडो लक्ष्मी योजना में बड़ा बदलाव
हरियाणा की महिलाओं के लिए सरकार ने लाडो लक्ष्मी योजना (Lado Lakshmi Yojana) में बड़ा बदलाव किया है। मुख्यमंत्री ने इस योजना के लिए 5 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है, जिससे उन लड़कियों को आर्थिक संबल मिलेगा जिनके परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है। पहले इस योजना के तहत महिलाओं को हर महीने 2100 रुपये की सहायता राशि दी जाती थी लेकिन अब इसमें कुछ नई शर्तें जोड़ी गई हैं। सरकार का कहना है कि यह योजना उन महिलाओं के लिए जारी रहेगी जो पहले से लाभार्थी हैं लेकिन कुछ श्रेणियों को इससे बाहर रखा जाएगा।
महिलाओं को ब्याज मुक्त लोन का लाभ
महिलाओं की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए हरियाणा सरकार ने ब्याज मुक्त लोन (Interest-Free Loan) देने का ऐलान किया है। इससे स्वरोजगार (Self-Employment) को बढ़ावा मिलेगा और महिलाएं खुद का कारोबार शुरू कर सकेंगी। सरकार का मानना है कि यह कदम महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में मदद करेगा। इसके अलावा महिला एवं बाल विकास विभाग (Women and Child Development Department) के लिए भी बजट में अतिरिक्त धनराशि का प्रावधान किया गया है। इससे महिलाओं की शिक्षा और रोजगार के अवसरों में बढ़ोतरी होगी। राज्य सरकार ने कहा है कि आने वाले समय में महिलाओं को अधिक प्रशिक्षण (Training) और कौशल विकास (Skill Development) के लिए नए कार्यक्रम चलाए जाएंगे।
किसानों के लिए बड़ा ऐलान
बजट में किसानों को कर्जमुक्त (Loan Waiver) करने की दिशा में भी बड़ा कदम उठाया गया है। सरकार ने घोषणा की है कि एक लाख रुपये तक के कृषि ऋण पर कोई ब्याज नहीं लिया जाएगा। यह योजना उन किसानों के लिए फायदेमंद होगी जो छोटी जोत पर खेती कर रहे हैं और आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। इसके अलावा “मेरा पानी मेरी विरासत” (Mera Pani Meri Virasat) योजना के तहत धान की खेती छोड़ने वाले किसानों को दी जाने वाली सब्सिडी को 7000 रुपये से बढ़ाकर 8000 रुपये प्रति एकड़ कर दिया गया है। इस पहल का उद्देश्य जल संरक्षण (Water Conservation) को बढ़ावा देना और किसानों को वैकल्पिक फसलें अपनाने के लिए प्रेरित करना है। सरकार ने दुग्ध उत्पादन (Dairy Production) को प्रोत्साहित करने के लिए 70 करोड़ रुपये का बजट भी आवंटित किया है। इस राशि का उपयोग सहकारी दुग्ध उत्पादकों को दूध के भुगतान के साथ-साथ प्रोत्साहन राशि देने के लिए किया जाएगा।
युवाओं के लिए नई योजनाएं
हरियाणा सरकार ने राज्य में युवाओं को नशे की लत से बचाने के लिए मादक पदार्थ जागरूकता एवं मुक्ति प्राधिकरण (Substance Awareness and Liberation Authority) स्थापित करने का प्रस्ताव रखा है। यह कदम राज्य में नशा मुक्त समाज (Drug-Free Society) बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है। राज्य में युवाओं के लिए रोजगार (Employment) के अवसर बढ़ाने और उन्हें बेहतर तकनीकी शिक्षा (Technical Education) देने के लिए विश्व बैंक (World Bank) की 474 करोड़ रुपये की सहायता से हरियाणा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस मिशन (Haryana AI Mission) स्थापित करने का भी निर्णय लिया गया है। इस मिशन के तहत युवाओं को नई टेक्नोलॉजी (Technology) और डिजिटल स्किल्स (Digital Skills) सिखाई जाएंगी, जिससे वे आधुनिक बाजार में अपनी जगह बना सकें।